नूंह में भूपेंद्र सिंह हुड्डा का बयान, एसआईआर मामले पर भाजपा पूरी तरह बेनकाब

नूंह, 02 अक्टूबर। नूंह जिले के तावडू के रामलीला मैदान में खंड स्तरीय कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन किया गया। इस सम्मेलन में पूर्व मुख्यमंत्री एवं कांग्रेस के वरिष्ठ नेता भूपेंद्र सिंह हुड्डा मुख्य अतिथि के रूप में पहुंचे। इस कार्यक्रम में कांग्रेस कार्यकर्ताओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया और नेताओं को सुना।
- देश के दो महापुरुषों की जयंती के अवसर पर यह कार्यक्रम आयोजित किया गया।
- भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने एसआईआर को लेकर भारतीय जनता पार्टी पर कड़े आरोप लगाए।
- तावडू क्षेत्र की अनदेखी और विकास कार्यों में पिछड़ने का मुद्दा उठाया गया।
एसआईआर को लेकर भाजपा पर बरसे भूपेंद्र सिंह हुड्डा
कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए पूर्व मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि आज देश के दो महापुरुषों की जयंती है। उन्होंने एसआईआर को लेकर कहा कि भारतीय जनता पार्टी का कथित तौर पर पर्दाफाश हो चुका है। उन्होंने यह भी कहा कि चुनाव आयोग को लेकर जो सवाल उठाए गए हैं, उनका जवाब चुनाव आयोग की ओर से नहीं दिया जा रहा है। बल्कि इन सवालों का जवाब भाजपा के नेता खुद दे रहे हैं। हुड्डा ने यह गंभीर आरोप लगाया कि अब लोगों के सामने वोट चोरी का मुद्दा पूरी तरह से स्पष्ट हो गया है।
ईवीएम की जगह बैलट पेपर से चुनाव कराने की मांग
हुड्डा ने अपने संबोधन में आगे कहा कि कांग्रेस की बैठक में एक महत्वपूर्ण निर्णय लिया गया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि भविष्य में होने वाले सभी चुनाव ईवीएम की बजाय बैलट पेपर के माध्यम से कराए जाने चाहिए। उन्होंने जानकारी दी कि इस संबंध में पार्टी स्तर पर आधिकारिक निर्णय लिया गया है।
तावडू की अनदेखी और सोहना सड़क का मुद्दा
कांग्रेस कार्यकर्ता सम्मेलन के दौरान पूर्व परिवहन मंत्री आफताब अहमद ने मंच से बड़ा बयान दिया। उन्होंने भाजपा सरकार और स्थानीय विधायक पर तावडू क्षेत्र की कथित तौर पर अनदेखी करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि विकास के मामले में तावडू क्षेत्र काफी पिछड़ गया है। सोहना-तावडू सड़क की खराब स्थिति और वहां लगातार लगने वाले भयंकर जाम के कारण क्षेत्र के आम लोगों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
सौतेले व्यवहार का लगाया गया गंभीर आरोप
आफताब अहमद ने बताया कि तावडू नूंह जिले का एक महत्वपूर्ण हिस्सा होने के बावजूद सोहना विधानसभा क्षेत्र के अंतर्गत आता है। उन्होंने आरोप लगाया कि इसी प्रशासनिक स्थिति के कारण क्षेत्र के साथ कथित तौर पर सौतेला व्यवहार किया गया है। उन्होंने कहा कि इसी सौतेले व्यवहार के चलते क्षेत्र के तमाम जरूरी विकास कार्य बुरी तरह से प्रभावित हुए हैं।