महात्मा गांधी की जयंती पर कैलाश सैनी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने गांव में साफ-सफाई कर स्वच्छता का संदेश दिया।

भारतीय संस्कृति में स्वच्छता को विशेष महत्व दिया गया है और यह मान्यता है कि जहां स्वच्छता होती है, वहीं भगवान का वास होता है।
बाबैन से 1 अक्टूबर को सुरेश अरोड़ा की रिपोर्ट के अनुसार,
महात्मा गांधी की जयंती पर सेवा संकल्प अभियान के तहत कैथल में स्वच्छता अभियान चलाया गया। अभियान के दौरान मुख्यमंत्री प्रतिनिधि कैलाश सैनी के नेतृत्व में ग्रामीणों ने गांव में साफ-सफाई कर स्वच्छता का संदेश दिया।
स्वच्छता अभियान में अधिकारियों और ग्रामीणों की भागीदारी
इस दौरान पंचायत विभाग के अधिकारियों, पंचायत सदस्यों और बड़ी संख्या में ग्रामीणों ने भाग लिया। सभी ने मिलकर स्वच्छ एवं सुंदर गांव बनाने का संकल्प लिया। अभियान के दौरान गांव की गलियों, सार्वजनिक स्थानों तथा आसपास के क्षेत्रों में सफाई की गई।
सार्वजनिक स्थानों को स्वच्छ रखने की प्रेरणा
ग्रामीणों को अपने घरों के साथ-साथ गांव के सार्वजनिक स्थानों को भी स्वच्छ रखने के लिए प्रेरित किया गया। कैलाश सैनी ने लोगों से आह्वान किया कि वे कूड़ा-कचरा निर्धारित स्थान पर डालें तथा गंदगी को खुले में न फैलाएं। इस अवसर पर बोलते हुए मुख्यमंत्री प्रतिनिधि कैलाश सैनी ने कहा कि स्वच्छता ही स्वस्थ समाज का सही दर्पण है।
सकारात्मक वातावरण का निर्माण और संस्कृति
जिस स्थान पर स्वच्छता रहती है, वहां सकारात्मक वातावरण का निर्माण होता है। उन्होंने कहा कि भारतीय संस्कृति में भी स्वच्छता को विशेष महत्व दिया गया है। यह मान्यता है कि जहां स्वच्छता होती है, वहीं भगवान का वास होता है।
समाज के प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी
कैलाश सैनी ने कहा कि स्वच्छता केवल किसी एक व्यक्ति या विभाग की जिम्मेदारी नहीं है। इसमें समाज के प्रत्येक व्यक्ति की भागीदारी जरूरी है। यदि हर व्यक्ति अपने घर, गली और आसपास के क्षेत्र को साफ रखने की जिम्मेदारी निभाए, तो गांवों को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने का लक्ष्य आसानी से हासिल किया जा सकता है।
दैनिक जीवन में स्वच्छता को दें विशेष महत्व
उन्होंने ग्रामीणों से अपने दैनिक जीवन में स्वच्छता को विशेष महत्व देने का आह्वान किया। बच्चों और आसपास के लोगों को भी स्वच्छता के प्रति जागरूक करने की बात कही गई। उन्होंने कहा कि महात्मा गांधी ने स्वच्छता को स्वस्थ और मजबूत राष्ट्र के निर्माण से जोड़ा था।
नियमित आदत के रूप में अपनाएं स्वच्छता
इसलिए उनकी जयंती पर चलाया जा रहा स्वच्छता अभियान केवल एक दिन तक सीमित नहीं रहना चाहिए। इसे नियमित आदत के रूप में अपनाना चाहिए। स्वच्छ वातावरण से बीमारियों की रोकथाम में भी मदद मिलती है और लोगों के जीवन स्तर में सुधार आता है।
उपस्थित गणमान्य लोग
इस अवसर पर कई गणमान्य लोग मौजूद रहे। इनमें बीडीपीओ बाबैन सुशील मंगला, स्वच्छता अभियान के कोऑर्डिनेटर मोहन लाल, ग्राम सचिव प्रमोद कुमार और गांव के सरपंच अजय सैनी शामिल रहे। इसके अलावा पूर्व सरपंच सुभाष कोशीथल, किरण शर्मा, सतबीर सिंह, पवन पाल, ओमप्रकाश, सोहन लाल, गुरमीत सिंह, बलजीत कश्यप, गौरव तथा जनक राज उपस्थित रहे। साथ ही पंचायत विभाग के अधिकारी, पंचायत सदस्य तथा बड़ी संख्या में ग्रामीण भी मौजूद रहे।