नरवाना के जाजनवाला गाँव में भारत की जनवादी नौजवान सभा की नई इकाई का गठन, सागर बने प्रधान और जतिन सचिव

भारत की जनवादी नौजवान सभा की जाजनवाला इकाई का गठन
सागर बने प्रधान, जतिन को मिली सचिव की जिम्मेदारी
नरवाना /नरेंद्र जेठी /28 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स
नरवाना के जाजनवाला गाँव में युवाओं की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में भारत की जनवादी नौजवान सभा की जाजनवाला इकाई कमेटी का सफलतापूर्वक गठन किया गया। इस बैठक में युवाओं के अधिकारों, शिक्षा और क्षेत्र की समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। इसके बाद सर्वसम्मति से 13 सदस्यीय यूनिट कमेटी का चुनाव किया गया।
- जाजनवाला गाँव में हुई युवाओं की बैठक में नई इकाई का गठन हुआ।
- सागर को इकाई प्रधान और जतिन को इकाई सचिव चुना गया।
- आगामी 2 अक्टूबर को दिल्ली में होने वाले संसद मार्च में युवा हिस्सा लेंगे।
नवनियुक्त पदाधिकारियों के नाम
नवनियुक्त कमेटी में सागर को इकाई प्रधान और जतिन को इकाई सचिव चुना गया है। इसके साथ ही संगठन को मजबूती देने के लिए अजय को उप प्रधान और आर्यन को सह सचिव की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इनके अलावा बिरेंद्र सिंह, जनक, रवि, अनिल, रामफल, कुलदीप, रणधीर, संदीप, प्रदीप और सुनील को इकाई कमेटी सदस्य चुना गया है। कमेटी गठन के बाद सभी नवनियुक्त पदाधिकारियों का साथियों द्वारा जोरदार स्वागत किया गया।
दिल्ली संसद मार्च और शिक्षा सुधार अभियान
बैठक में युवाओं के रोजगार, शिक्षा और अधिकारों की बुलंद आवाज को केंद्र सरकार तक पहुंचाने के लिए एक बड़ा राजनीतिक निर्णय लिया गया। नवनियुक्त सचिव जतिन ने बताया कि आगामी 2 अक्टूबर को दिल्ली में होने वाले संसद मार्च में जाजनवाला इकाई के नौजवान भारी संख्या में हिस्सेदारी करेंगे और गाँव से युवाओं का एक बड़ा जत्था दिल्ली कूच करेगा। इकाई प्रधान सागर ने गाँव की स्थानीय समस्याओं को उठाते हुए कहा कि शिक्षा हर बच्चे का बुनियादी अधिकार है। उन्होंने घोषणा की कि जाजनवाला के सरकारी स्कूल की दशा में सुधार लाने और शिक्षा व्यवस्था को बेहतर बनाने के लिए संगठन द्वारा जल्द ही एक व्यापक जन-अभियान चलाया जाएगा। इस अभियान के तहत ग्रामीणों और युवाओं को लामबंद कर प्रशासन के समक्ष स्कूल की बुनियादी सुविधाओं को दुरुस्त करने की मांग उठाई जाएगी।
शहीद भगत सिंह को याद कर लिया संकल्प
बैठक के अंत में शहीद भगत सिंह जी के चित्र के समक्ष नौजवानों ने एकजुट होकर इंकलाब जिंदाबाद और पढ़ो और लड़ो के नारे बुलंद किए। सभी युवाओं ने समाज में सकारात्मक बदलाव लाने का संकल्प लिया।