हिसार में एसपी सिद्धांत जैन की चेतावनी: एक मिनट बचाने की होड़ में जिंदगी से खिलवाड़ नहीं चलेगा

हिसार से 17 सितंबर की बड़ी खबर सामने आ रही है। 200 से 300 रुपये का जुर्माना बचाने के लिए तेज रफ्तार से बस दौड़ाने वाले चालकों पर अब पुलिस सख्त कार्रवाई करेगी। निर्धारित समय से बस के एक-दो मिनट लेट होने की भरपाई सड़क पर तेज रफ्तार से वाहन दौड़ाकर करने वाले प्राइवेट बस चालकों पर पुलिस सख्ती करेगी। पुलिस अधीक्षक सिद्धांत जैन ने प्राइवेट बस संचालकों, चालकों और परिचालकों को दो टूक चेतावनी दी है। उन्होंने कहा है कि समय की पाबंदी के नाम पर यात्रियों और अन्य राहगीरों की जान जोखिम में डालना किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
जुर्माने से बचने के लिए खतरे में डालते हैं जान
एसपी ने गुरुवार को कहा कि कुछ मामलों में यह सामने आया है कि निर्धारित समय से बस लेट होने पर चालक को प्रति मिनट आर्थिक जुर्माना देना पड़ता है। इसी जुर्माने से बचने के लिए कुछ चालक बस की गति बढ़ाकर तेज और खतरनाक ओवरटेकिंग करने लगते हैं। इससे यात्रियों के साथ-साथ सड़क पर चलने वाले अन्य लोगों की जान भी खतरे में पड़ती है। उन्होंने स्पष्ट शब्दों में कहा कि एक-दो मिनट की देरी का आर्थिक नुकसान किसी इंसान की जिंदगी से बड़ा नहीं हो सकता है। यदि बस लेट हो गई है तो चालक उसे निर्धारित गति सीमा और यातायात नियमों के अनुसार ही चलाए।
यातायात नियमों की अनदेखी पर होगी कार्रवाई
उन्होंने स्पष्ट कहा कि देरी की भरपाई के लिए तेज रफ्तार, गलत तरीके से ओवरटेकिंग, अचानक लेन बदलना, लाल बत्ती तोड़ना या मोबाइल फोन का इस्तेमाल करना भारी पड़ सकता है। एसपी ने बस संचालकों से भी कहा कि वे चालकों पर समय-सारणी पूरी करने का ऐसा दबाव न बनाएं जिससे उन्हें यातायात नियमों की अनदेखी करनी पड़े। उन्होंने कहा कि बस समय पर पहुंचाना जरूरी है, लेकिन यात्रियों को सुरक्षित पहुंचाना उससे कहीं अधिक जरूरी है। जिला पुलिस प्राइवेट बसों की गति और चालकों की ड्राइविंग शैली पर विशेष निगरानी रखेगी। नियमों का उल्लंघन करने वाले चालकों के खिलाफ उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर कार्रवाई की जाएगी। एसपी ने अंत में कहा कि टाइमटेबल कुछ मिनट लेट हो सकता है, लेकिन जिंदगी दोबारा नहीं मिलती। उन्होंने आमजन से भी अपील की कि यदि कोई बस चालक तेज रफ्तार या खतरनाक तरीके से बस चलाता दिखाई दे तो इसकी सूचना तुरंत पुलिस को दें। समय पर दी गई सूचना किसी संभावित सड़क दुर्घटना को रोकने में महत्वपूर्ण साबित हो सकती है।