Asian Games 2026: हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौतम ने एशियाई खेलों में भाग लेने वाले राज्य के एथलीटों को दी शुभकामनाएं

चंडीगढ़, भारत। 19 सितंबर (एएनआई)। हरियाणा के खेल मंत्री गौरव गौतम ने शनिवार को एशियाई खेलों 2026 में भाग लेने वाले राज्य के एथलीटों को अपनी शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि हरियाणा से 80 खिलाड़ी इस महाद्वीपीय बहु-खेल आयोजन में भारत का प्रतिनिधित्व करेंगे। संवाददाताओं से बात करते हुए, गौतम ने कहा कि एथलीट जापान में गर्व के साथ भारतीय ध्वज लेकर चलेंगे। उन्होंने उनके प्रदर्शन पर पूरा भरोसा जताया है।
खेल मंत्री गौरव गौतम ने कहा कि एशियाई खेलों की शुरुआत 19 सितंबर को हो रही है। हरियाणा से 80 एथलीट इस प्रतियोगिता में भाग ले रहे हैं। वे जापान में भारतीय तिरंगा फहराएंगे और मेडल जीतकर वापस भारत लौटेंगे। 20वें एशियाई खेलों की शुरुआत शनिवार को जापान के आइची-नागोया में हो गई है। यह प्रतियोगिता 4 अक्टूबर तक जारी रहेगी। पूरे एशिया से एथलीट इस महाद्वीपीय आयोजन में कई खेल विधाओं में मुकाबला कर रहे हैं।
हरियाणा का खेलों में योगदान
हरियाणा कई खेलों में भारत के मुख्य योगदानकर्ताओं में से एक रहा है। विशेष रूप से कुश्ती, मुक्केबाजी, एथलेटिक्स और शूटिंग जैसे खेलों में हरियाणा के खिलाड़ियों का दबदबा रहा है। इस बीच, शनिवार को आइची-नागोया में 2026 एशियाई खेलों के उद्घाटन समारोह में कबड्डी स्टार पवन सहरावत और ओलंपिक पदक विजेता मनु भाकर ने भारतीय दल का नेतृत्व किया।
उद्घाटन समारोह और भारतीय दल
पालोमा मिजुहो स्टेडियम में हुए इस समारोह ने 20वें एशियाई खेलों की औपचारिक शुरुआत की। इस आयोजन में भारत का प्रतिनिधित्व 36 खेलों में 503 एथलीटों का दल कर रहा है। पवन सहरावत पिछले एशियाई खेलों में स्वर्ण पदक जीतने वाली भारतीय पुरुष कबड्डी टीम के सदस्य रहे हैं। अब उन्हें मनु भाकर के साथ उद्घाटन समारोह में तिरंगा ले जाने का गौरव प्राप्त हुआ है।
मनु भाकर एक डबल ओलंपिक पदक विजेता हैं। वह इन खेलों में भारत की प्रमुख एथलीटों में शामिल हैं। भाकर ने पेरिस 2024 ओलंपिक में दो कांस्य पदक जीते थे। वह महिलाओं की 10 मीटर एयर पिस्टल, महिलाओं की 25 मीटर पिस्टल और 10 मीटर एयर पिस्टल मिक्स्ड टीम स्पर्धा में प्रतिस्पर्धा करेंगी। उन्होंने पेरिस में इतिहास रच दिया था। वह स्वतंत्र भारत की पहली ऐसी एथलीट बनीं जिन्होंने ओलंपिक खेलों के एक ही संस्करण में दो पदक जीते।
मनु भाकर की भावनाएं और भारत का लक्ष्य
समारोह से पहले एक वीडियो संदेश में, भाकर ने कहा कि यह अहसास कि उन्हें ध्वज-वाहकों में से एक के रूप में चुना गया है, उनके लिए एक "हार्टवार्मिंग" (दिल को छू लेने वाला) अनुभव था। उन्होंने कहा कि उनके दिमाग में खेल के शुरुआती दिनों की यादें और फ्लैशबैक आ गए। उन्होंने इस बात पर भी विचार किया कि वह अपने खेल में अब तक कितनी आगे आ चुकी हैं।
मनु भाकर ने कहा कि ईमानदारी से कहूं तो जब मुझे कल पता चला, तो मेरे मन में मेरे शुरुआती दिनों की सारी यादें और फ्लैशबैक आ गए। और जब मैंने शुरुआत की थी, तो मैंने कभी नहीं सोचा था कि मैं अपने खेल में एक दिन इस मुकाम तक पहुंच सकती हूं। इसलिए यह निश्चित रूप से बहुत दिल को छू लेने वाला अहसास है। मुझे अपने देश के लिए ध्वज-वाहिका के रूप में चुने जाने पर वास्तव में गर्व, बहुत सम्मानित और बहुत-बहुत खुशी महसूस हो रही है। मैं सिर्फ भगवान को धन्यवाद देना चाहती हूं और सभी के प्यार और समर्थन के लिए सभी को धन्यवाद देना चाहती हूं। भारत का लक्ष्य 2022 के संस्करण को पीछे छोड़ना होगा। भारत ने पिछले संस्करण में 28 स्वर्ण, 38 रजत और 41 कांस्य सहित कुल 107 पदकों का रिकॉर्ड बनाया था।