गुरुग्राम: मुख्य चुनाव आयुक्त के इस्तीफे की मांग को लेकर कांग्रेसियों ने किया जोरदार प्रदर्शन, सडक़ों पर उतरे कार्यकर्ता

गुरुग्राम में जिला कांग्रेस कमेटी (ग्रामीण और शहरी) ने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग को लेकर एक बड़ा विरोध प्रदर्शन किया। कांग्रेस ने चुनावी प्रक्रिया की निष्पक्षता पर गंभीर सवाल उठाए हैं और मतदाता सूचियों में अनियमितताओं की निष्पक्ष जांच की मांग की है।
- मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग
- मतदाता सूचियों और चुनावी प्रक्रिया की गड़बड़ियों की स्वतंत्र जांच की मांग
- राव नरेंद्र सिंह, संजय दत्त और राज बब्बर जैसे वरिष्ठ नेताओं का प्रदर्शन में शामिल होना
चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के खिलाफ प्रदर्शन
जिला कांग्रेस कमेटी के ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव और शहरी जिलाध्यक्ष पंकज डावर के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने प्रदर्शन किया। कांग्रेस कार्यकर्ता कमान सराय स्थित जिला कांग्रेस कार्यालय से मार्च करते हुए सदर बाज़ार पहुंचे। इस दौरान कार्यकर्ताओं ने अपने हाथों में झंडे, तख्तियां और मुख्य चुनाव आयुक्त का पुतला लेकर चुनाव आयोग और केंद्र सरकार के खिलाफ जमकर नारे लगाए।
वरिष्ठ नेताओं के विचार
हरियाणा कांग्रेस प्रभारी संजय दत्त ने कहा कि निर्वाचन आयोग की निष्पक्षता और विश्वसनीयता लोकतंत्र की बुनियाद है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग पर उठ रहे गंभीर सवालों का पारदर्शी तरीके से जवाब दिया जाना चाहिए। संजय दत्त ने यह भी मांग की कि मुख्य चुनाव आयुक्त के कार्यकाल में लिए गए विवादित निर्णयों और चुनावी प्रक्रियाओं की समीक्षा की जा सके।
हरियाणा प्रदेश कांग्रेस कमेटी के अध्यक्ष राव नरेंद्र सिंह ने कहा कि मतदाता सूची पुनरीक्षण, फॉर्म-6 और एसआईआर प्रक्रिया को लेकर जो आरोप सामने आ रहे हैं, वे बहुत गंभीर हैं। उन्होंने कहा कि इन आरोपों की निष्पक्ष जांच आवश्यक है। राव नरेंद्र सिंह ने यह भी दावा किया कि देशभर में बड़ी संख्या में मतदाताओं के नाम सूची से हटा दिए गए हैं। उन्होंने कहा कि यदि पात्र मतदाताओं के नाम गलत तरीके से हटाए या जोड़े गए हैं, तो यह लोकतांत्रिक प्रक्रिया के लिए एक अत्यंत गंभीर विषय है।
लोकतंत्र और चुनावी निष्पक्षता पर जोर
पूर्व सांसद राज बब्बर ने कहा कि कांग्रेस पार्टी लंबे समय से निर्वाचन प्रक्रिया की निष्पक्षता और मतदाता सूचियों में कथित अनियमितताओं का मुद्दा उठा रही है। उन्होंने भाजपा और निर्वाचन आयोग की भूमिका पर सवाल उठाते हुए कहा कि चुनावी व्यवस्था पर जनता का विश्वास बनाए रखने के लिए हर गंभीर आरोप की पारदर्शी जांच होनी चाहिए।
शहरी जिलाध्यक्ष पंकज डावर ने कहा कि लोकतंत्र की मजबूती के लिए चुनावी प्रक्रिया का पारदर्शी और निष्पक्ष होना बहुत आवश्यक है। ग्रामीण जिलाध्यक्ष वर्धन यादव ने कहा कि यह लड़ाई किसी व्यक्ति विशेष की नहीं है, बल्कि यह देश के प्रत्येक मतदाता के अधिकार और लोकतांत्रिक व्यवस्था में जनता के विश्वास को बचाने की लड़ाई है।