फरीदाबाद में सेवा संकल्प अभियान के तहत टीबी के 80 मरीजों को बांटी गई विशेष पोषाहार सामग्री

फरीदाबाद में जिला रैडक्रॉस सोसाइटी द्वारा 'अन्नदान-महादान' मुहिम के तहत सेवा संकल्प अभियान का आयोजन किया गया। इस अभियान के अंतर्गत सैनी परिवार की ओर से स्वर्गीय श्री ओम प्रकाश सैनी जी और श्रीमती यशोदा देवी जी की पुण्य स्मृति में एक कार्यक्रम हुआ। यह विशेष पोषाहार वितरण कार्यक्रम रैडक्रॉस भवन, सेक्टर-12, फरीदाबाद में आयोजित किया गया। इस कार्यक्रम में आर्थिक रूप से कमजोर तपेदिक यानी टीबी के 80 मरीजों के लिए विशेष पोषाहार सामग्री बांटी गई।
मुख्य अतिथि और विशिष्ट अतिथियों की उपस्थिति
इस कार्यक्रम में लायन अनिल अरोड़ा, संरक्षक भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी ने मुख्य अतिथि के रूप में शिरकत की। उन्होंने अपने प्रेरणादायी संबोधन में कहा कि मानवता की सेवा ही सबसे बड़ा धर्म है। सैनी परिवार और जिला रेडक्रॉस सोसायटी द्वारा उठाया गया यह कदम समाज के लिए एक बेहतरीन मिसाल है। उन्होंने कहा कि हम सभी को एकजुट होकर टीबी मुक्त भारत के निर्माण में अपना योगदान देना चाहिए।
पोषण का महत्व और अधिकार
इस कार्यक्रम में विक्टोरा टेक्नोलॉजीज प्रा. लि. के सीएसआर हेड अजय सोमवंशी ने विशिष्ट अतिथि के रूप में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य और सही पोषण हर नागरिक का मूलभूत अधिकार है। उन्होंने टीबी मरीजों के स्वास्थ्य एवं सही पोषण के लिए ऐसे आयोजनों को अत्यंत आवश्यक और सराहनीय बताया। कार्यक्रम में भारतीय रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद के आजीवन सदस्य प्रताप सिंह एडवोकेट ने भी विशिष्ट अतिथि के रूप में शिरकत की।
टीबी रोग की पहचान और इलाज
प्रताप सिंह एडवोकेट ने टीबी बीमारी के लक्षणों की समय पर पहचान करने और तुरंत इलाज शुरू करने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि टीबी रोग से मुक्ति पाने के लिए सही समय पर पहचान और नियमित डॉक्टरी सलाह बेहद जरूरी है। रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद के सचिव बिजेंद्र सोरोत ने जानकारी देते हुए बताया कि सही समय पर इलाज और संतुलित एवं पौष्टिक आहार मिलने से टीबी जैसी संक्रामक बीमारी पूरी तरह ठीक हो जाती है। उन्होंने कहा कि खुद को और अपने परिवार को इस बीमारी से सुरक्षित रखने के लिए समय पर जागरूकता और पूरी जानकारी होना बेहद जरूरी है।
शपथ और सहयोग
कार्यक्रम के संयोजक एवं जिला रेडक्रॉस सोसायटी, फरीदाबाद के उप अधीक्षक पुरुषोत्तम सैनी ने कार्यक्रम का कुशलतापूर्वक संचालन किया। उन्होंने उपस्थित लोगों को टीबी उन्मूलन के प्रति जागरूक किया। इस अवसर पर सभी उपस्थित टीबी मरीजों एवं प्रतिभागियों को देश को टीबी मुक्त बनाने के राष्ट्रीय संकल्प में सक्रिय योगदान देने की शपथ भी दिलाई गई। कार्यक्रम में टी.बी. समन्वयक मधु भाटिया ने मरीजों को स्वास्थ्य परामर्श देने और समन्वय में प्रमुख भूमिका निभाई।