एशियाई खेलों में ऐतिहासिक स्वर्ण जीतने के बाद अंकिता भakat ने परिवार और देश को समर्पित किया मेडल

ऐची-नागोया [जापान], 2 अक्टूबर। भारतीय तीरंदाज अंकिता भakat ने Asian Games में महिलाओं की recurve team स्पर्धा में देश के लिए ऐतिहासिक gold medal जीता है। अंकिता भakat ने इस ऐतिहासिक स्वर्ण पदक को अपने परिवार, कोचों, सपोर्ट स्टाफ और पूरे देश को समर्पित किया है। भारत ने फाइनल मुकाबले में दक्षिण कोरिया को 5-3 से हराया है।
- भारतीय तीरंदाज अंकिता भakat ने जीता ऐतिहासिक स्वर्ण पदक
- फाइनल में दक्षिण कोरिया को 5-3 से हराया
- पदक परिवार, कोचों और पूरे देश को समर्पित किया
परिवार और माँ की प्रतिक्रिया
अंकिता भakat ने 17 साल की Kumkum Anil Mohod और Kirti Sharma के साथ टीम बनाई थी। अंकिता ने बताया कि यह पदक उनके परिवार के लिए विशेष रूप से बहुत महत्वपूर्ण है। फाइनल मुकाबले को लेकर तनाव के कारण उनकी माँ पूरी रात सो नहीं पाई थीं।
अंकिता ने ANI को बताया कि उनका परिवार बेहद खुश है और उनकी माँ तनाव के कारण रात भर नहीं सोई थीं। अब उनकी माँ बहुत खुश हैं और उनके पिता भी बहुत खुश हैं। उनका पूरा परिवार इस जीत से बेहद आनंदित है। अंकिता ने कहा कि वह इस मेडल को अपने परिवार, सभी कोचों, वहां मौजूद सपोर्ट स्टाफ और अपने पूरे देश को समर्पित करना चाहती हैं।
ऐतिहासिक जीत और दक्षिण कोरिया को मात
यह स्वर्ण पदक Asian Games में महिलाओं की recurve team स्पर्धा में भारत का पहला पदक है। यह जीत उस दक्षिण कोरियाई टीम के खिलाफ आई है जो परंपरागत रूप से इस खेल में दबदबा रखती है। इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर बात करते हुए अंकिता ने कहा कि टीम ने gold medal जीतने का दबाव बनाने के बजाय इस अवसर का आनंद लेने पर ध्यान केंद्रित किया था।
अंकिता ने कहा कि उन्हें बहुत अच्छा लग रहा है और Asian Games में पहली बार gold medal जीतने पर वे बहुत खुश हैं। उनकी टीम की बॉन्डिंग बहुत मजबूत थी इसलिए वे बहुत खुश हैं। वे इस मानसिकता के साथ नहीं आए थे कि उन्हें gold medal जीतना ही है। उन्होंने केवल इस बात पर ध्यान केंद्रित किया था कि उन्होंने पिछले 2-3 महीनों से इस दिन के लिए मिलकर कड़ी मेहनत की थी। यहां प्रतिस्पर्धा करने का अवसर मिलने के बाद वे केवल इस पल का आनंद लेना चाहते थे।
फाइनल मुकाबले का रोमांचक सफर
भारत ने फाइनल मुकाबले में मजबूत शुरुआत की थी। शुरुआती दो सेट क्रमशः 54-54 और 56-56 की बराबरी पर समाप्त हुए थे। इसके बाद दोनों टीमें 2-2 से बराबरी पर थीं और फिर भारत ने तीसरे सेट में मुकाबले पर नियंत्रण हासिल किया।
Kirti ने 10 अंक के साथ शुरुआत की, Ankita ने 9 अंक और Kumkum ने 9 अंक जोड़े। इसके बाद दक्षिण कोरिया दूसरे रोटेशन में चूक गया। भारत ने यह सेट 55-51 से जीतकर 4-2 की बढ़त बना ली थी।
चौथा और निर्णायक सेट
दक्षिण कोरिया ने चौथे सेट में जोरदार वापसी की और शुरुआती रोटेशन के बाद 28-26 की बढ़त बना ली। सेट को बराबर करने और gold medal सुरक्षित करने के लिए भारत को अपने अंतिम तीन तीरों से 28 अंकों की आवश्यकता थी।
Kirti और Ankita ने 9-9 अंक साधे और Kumkum ने एक और महत्वपूर्ण 10 अंक दिलाया। इससे भारत ने सेट को टाई कर लिया और 5-3 से जीत पक्की कर ली। दबाव में Kumkum का संयम पूरे फाइनल के दौरान निर्णायक साबित हुआ। जब भारत को सबसे ज्यादा जरूरत थी तो इस युवा खिलाड़ी ने बार-बार 10 अंक हासिल किए, जबकि Ankita ने महत्वपूर्ण चरणों के दौरान अपना अनुभव प्रदान किया।
मेडल टैली और सेमीफाइनल का सफर
इससे पहले भारत ने सेमीफाइनल में चीन को 5-1 से हराकर Asian Games में अपने पहले महिलाओं के recurve team फाइनल में प्रवेश किया था। यह स्वर्ण पदक Aichi-Nagoya खेलों में भारत का 12वां स्वर्ण पदक था।
इस समय देश का कुल पदक 70 हो गया है। इसमें 12 स्वर्ण, 24 रजत और 34 कांस्य पदक शामिल हैं। (ANI)